Wednesday, April 14, 2021
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किसान प्रोटेस्ट: किसान महापंचायत में बौखलाए नरेश टिकैत, राजनाथ सिंह को कहा गया कि ‘क्रेरे का तोता’


यूपी किसान पंचायत में नरेश टिकैत ने बड़ा बयान दिया।

यूपी किसान पंचायत में नरेश टिकैत ने बड़ा बयान दिया।

बाराबंकी न्यूज़: किसान महापंचायत (किसान महापंचायत) में भारतीय किसान यूनियन के राष्ट्रीय अध्यक्ष नरेश टिकैत (नरेश टिकैत) ने कहा कि रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह (राजनाथ सिंह) को बात करने का आजादी दे, तो हमारा यकीन है कि फैसला हो जाएगा।

बरबकी। पंजाब (पंजाब) और हरियाणा (हरियाणा) से शुरू हुए किसानों के आंदोलन (किसान प्रोटेस्ट) को अब तीन महीने बीत चुके हैं। दिल्ली (दिल्ली) की सीमाओं पर बैठे किसान सरकार से कृषि कानूनों को रद्द करने की मांग कर रहे हैं। पश्चिमी यूपी तक फैले आंदोलन की आंच अब अवध और पूर्वांचल में भी पहुंच रही है। भारतीय किसान संघ बुधवार को यूपी के बाराबंकी में भी किसान महापंचायत कर रहा है। इस महापंचायत में भारतीय किसान संघ के राष्ट्रीय अध्यक्ष नरेश टिकैत (नरेश टिकैत) भी शामिल हैं। महापंचायत में तमाम मुद्दों को लेकर नरेश टिकेत ने सरकार और भाजपा (भाजपा) पर निशाना भी साधा है। इसके अलावा केंद्र सरकार में रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह (राजनाथ सिंह) को लेकर नरेश टिकैत ने कहा कि सरकार ने उन्हें खाए का तोता बना दिया है। अगर सरकार राजनाथ सिंह को बात करने की आजादी दे, तो हमारा यकीन है कि फैसला हो जाएगा। लेकिन यह सरकार जिद्दी है, सरकार को किसानों की बात सुननी चाहिए और अपना रवैया बदलना चाहिए।

बाराबंकी के हैदरगढ़ रोड स्थित हरख चौराहे पर बुधवार को किसान महापंचायत कर रहे हैं। किसान महापंचायत में बीकेयू के राष्ट्रीय अध्यक्ष नरेश टिकैत भी शामिल हुए। बाराबंकी में तीनों कृषि सुधार कानून की वापसी और न्यूनतम समर्थन मूल्य का कानून बनाया जाना किसानों की महापंचायत का मुख्य मुद्दा है। महापंचायत में शिरकत करने पहुंचे भारतीय किसान यूनियन के अध्यक्ष नरेश टिकैत ने रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह के बारे में बात करते हुए कहा कि सरकार ने उन्हें cre का तोता बना दिया है। उन्होंने कहा कि अगर सरकार राजनाथ सिंह को किसानों से बात करने की आजादी दे तो उनका यकीन है कि सभी समस्या का हल निकल जाएगा। पूरे सम्मान से फैसला हो जाएगा और भाजपा की भी साख बची रहेगी। किसान राजनाथ सिंह का सम्मान करते हैं, लेकिन राजनाथ सिंह को मौका केंद्र सरकार की तरफ से नहीं दिया जा रहा है।

नरेश टिकैत ने केंद्र सरकार पर साधा निशाना

नरेश टिकैत ने कहा कि पूर्वांचल का रास्ता बाराबंकी से खुलता है। यह पूर्वांचल की सफलता का द्वार है, इसलिए यह खोलना बहुत जरूरी है। जब यहां का किसान अपने अधिकारों के प्रति जागरुक होगा तभी वह पूर्वांचल के किसानों को तीनों काले कानूनों के खिलाफ जागरुक करने में सफल होगा। उन्होंने कहा कि हम इस तरह की पंचायतें पूरे पूर्वांचल में करने जा रहे हैं। हर जिले में हमारी महापंचायत होगी। इसमें किसानों को जागरूक करने कर यह बताने का कार्य करेंगे कि ये तीनों कानून किस तरह से आने वाले दिनों में हमें अपनी गुलाम बना लेंगे।मुस्लिमों के मुद्दे पर नरेस टिकैत ने कहा कि पहले हिंदू और मुस्लिम एक साथ प्रेम से रहते थे। किसी का कोई विरोध नहीं था। लेकिन साल 2013 से बीजेपी वालों ने मुसलमानों को लेकर काफी भ्रम फैला दिया। मुसलमानों को लेकर सभी के मन में फूट डलवा दिया, लेकिन अब लोगों को इनकी चाल समझ में आ रही है। इसीलिए अब इनकी दाल नहीं गलने वाली है। ये सरकार किसानों को भी आतंकवादी, खालिस्तानी बताकर बदनाम कर रही है। किसानों को बदनाम करने की कोशिश की जाएगी, तो हम चुप नहीं बैठेंगे।

बीजेपी पर बोला हमला

संजीव बालियान के मुद्दे पर नरेश टिकैत ने कहा कि वे सरकार में इस कारण विरोध नहीं कर रहे हैं। वो न मेरा विरोध कर रहे हैं न मैं उनका विरोध कर रहा हूं। वह भी तो परेशान हैं। उन्हें भी तब विरोध झेलना पड़ रहा है। साथ ही उन्होंने कहा कि हम लोगों ने बीजेपी को वोट दिया था। कई बीजेपी के लोग हमारे साथ हैं, लेकिन काल में बैठे लोग हमारे साथ नहीं हैं। नरेश टिकैत ने कहा कि अगर प्रधानमंत्री कानून वापस लेने के लिए तैयार नहीं है, तो किसान भी वापस हटने के लिए तैयार नहीं है।

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नरेश टिकैत ने आगे कहा कि किसान भुखमरी की कगार पर पहुंच गया है। किसान पूरी तरह बर्बाद हो चुका है, उसे अपनी फसल का उचित मूल्य नहीं मिल रहा है। बिजली की मोटरसाइकिलें बढ़ रही हैं। हर दिन पेट्रोल-डीजल के दाम भी बढ़ रहे हैं। सरकार । अपना रवैया बदलना चाहिए। अगर कुछ दिन बहुत होते हैं और अगर यह सरकार रहेगी तो किसानों को अपनी खेती से हाथ धोना पड़ेगा।







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